कला-साहित्य

भारतीय नारी सब पर भारी

युग जागरण न्यूज़ नेटवर्क

पुरुषों से कम नहीं है आज की भारतीय नारी

व्यवसाय हो या कंपनी इन्होंने ही बाज़ी मारी

साहस ज़ज्बे का शौर्य है भारतीय नारी

भारतीय नारी सब पर भारी

गृहणी के साथ-साथ अनेक जिम्मेदारी है धारी

किसी भी विपत्ति में कभी हिम्मत नहीं हारी

मां बेटी बहन पत्नी की निभाई जिम्मेदारी

भारतीय नारी सब पर भारी

संवेदनशीलता सहिष्णुता की मूरत है नारी

धैर्य मेहनती इमानदारी की प्रतीक है नारी

हर रूप में रिश्तो के बंधन को निखारी

भारतीय नारी सब पर भारी

कार्यबल जिम्मेदारी जवाबदेही में प्राथमिकता

धारी सफ़लताओं से हर क्षेत्र में बाज़ी मारी

रिश्ते नाते स्थितियों में खूब समझदारी धारी

भारतीय नारी सब पर भारी

नारी को सशक्त बनाने शासकीय कोशिश जारी

नारी कार्यबल पर अलोकेशन कर दो भारी

नारी शुरू कर दे भविष्य बनाने की तैयारी

भारतीय नारी सब पर भारी

-लेखक – कर विशेषज्ञ स्तंभकार साहित्यकार कानूनी लेखक चिंतक कवि एडवोकेट किशन सनमुखदास भावनानी गोंदिया महाराष्ट्र

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