शासन की मंशा पर उठाराघात करने से पीछे नहीं हट रहा है गाजीपुर थाना अध्यक्ष

युग जागरण न्यूज़ नेटवर्क
अनिल श्रीवास्तव
ओवरलोड ट्रकों से रिश्वत के नाम पर ले रखी है मोटी रकम
हरे भरे इलाके को ठेकेदारों के माध्यम से रेगिस्तान बनाने में जुटा है खाकी का सुरमा
पिछला इतिहास देख लिया जाए तो कितना कर्मठ था इस बात की पुलिस अधिकारियों को हो जाएगी जानकारी
डीजीपी के सपनों को चकनाचूर करने में जुटा है गाजीपुर थाना अध्यक्ष
फतेहपुर। जनपद के ईमानदार पुलिस अधीक्षक राजेश कुमार सिंह ने कानून व्यवस्था को चुस्त एवं दुरुस्त बनाने के लिए संगम लाल प्रजापति को गाजीपुर थाने की कमान सौंपी थी और पुलिस अधीक्षक ने यह सोचा था कि थाना अध्यक्ष गाजीपुर उनकी मंशा पर पूरी तरह से खरे उतरेंगे लेकिन पुलिस अधीक्षक का यह सपना पूरी तरह से तार तार साबित हो रहा है और जिसको उन्होंने कानून व्यवस्था को बेहतर बनाने की जिम्मेदारी का ताज पहना रखा है वह तो पूरी तरह से गैर जिम्मेदार साबित हो रहा है। मालूम रहे कि गत दिनों पूर्व थाने के गेट के सामने एक फुटपाथिया एवं ठेला लगाने वाले दुकानदार को सरेआम बीच सड़क में एक दबंग व्यक्ति ने उनके साथ मारपीट व गली गलौज करते हुए कानून व्यवस्था को खुली चुनौती दे डाली थी और जिसका वीडियो वायरल हुआ था और कानून व्यवस्था की रोकथाम करने वाला थाना अध्यक्ष संगम लाल प्रजापति कुंभकर्णी नींद में सो रहा था क्या उत्तर प्रदेश के डीजीपी ने अपने अधीनस्थों को यही आदेश दे रखा है। हैरत की बात तो यह है कि समूचा विश्व पर्यावरण के संतुलन बनाए रखने पर जोर दे रहा है किंतु इस जनपद में गाजीपुर थाना अध्यक्ष ने हरे-भरे फलदार वृक्षों को ठेकेदारों से मोटी रकम लेकर रेगिस्तान बनवाने का काम करने पर जुटे हुए हैं। जनता इस बात को कहने से नहीं थक रही है कि आजादी के बाद पहला ऐसा थाना अध्यक्ष आया है जिसने रिश्वत लेने के नाम पर डकैतों को भी पीछे छोड़ दिया है। इतना ही नहीं शासन ने कड़े निर्देश जारी करते हुए कहा है कि किसी थाना क्षेत्र से मोरम अथवा गिट्टी की ओवरलोड ट्रकों का संचालन नहीं होगा लेकिन खाकी के रिश्वत के भ्रष्ट बादशाह ने शासन के निर्देशों की खुलेआम धज्जियां उड़ाते हुए ओवरलोड ट्रकों के संचालित होने की अनुमति प्रदान कर रखी है।




